Friday, May 31, 2019

बांसवाड़ा मेंगो फेस्टिवल का आयोजन 7 से 9 जून को

राज्यमंत्री श्री अर्जुनसिंह बामनिया करेंगे उद्घाटन

बांसवाड़ा, 31 मई/जिले में पाई जाने वाली आमों की 46 से अधिक प्रजातियों के रसास्वादन कर यहां के आमों की मिठास को देश-दुनिया तक पहुंचाकर जिले के गौरव को बढ़ाने के उद्देश्य से 7 से 9 जून तक बांसवाड़ा जिला मुख्यालय पर मेंगो फेस्टिवल का आयोजन किया जाएगा।   


जिला कलक्टर आशीष गुप्ता ने बताया कि जिले में आगामी 7 से 9 जून को प्रस्तावित मेंगो फेस्टिवल का शुभारंभ कुशलबाग मैदान में 7 जून की शाम को जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग (स्वतंत्र) उद्योग एवं राजकीय उपक्रम विभाग राज्यमंत्री अर्जुनसिंह बामनिया के मुख्य आतिथ्य में किया जाएगा। मेंगो फेस्टिवल के शुभारंभ के लिए राज्यमंत्री बामनिया ने शुक्रवार को अपनी सहमति प्रदान कर दी है।  


राज्यमंत्री बामनिया ने कहा है कि मेंगो फेस्टिवल जैसे आयोजनों से बांसवाड़ा का नाम पर्यटन मानचित्र पर स्थापित होगा। इस प्रकार के आयोजन होते रहने चाहिए। उन्होंने कहा कि बांसवाड़ा के आम देशभर में एक विशेष पहचान रखते है। आमजन को साथ में लेकर आयोजन करने पर अभूतपूर्व सफलता मिलती है। ़

कलक्टर गुप्ता ने बताया कि तीन दिवसीय आयोजन में जिले में पैदा होने वाले सभी प्रकार के आमों, उत्पादों तथा इससे जुड़े व्यवसायियों की वृहद प्रदर्शनी का आयोजन किया जाएगा वहीं इस फेस्टिवल में आने वाले लोगों को आम की विविध प्रजातियों का रसास्वादन करने का भी अवसर प्राप्त होगा। महोत्सव में आने वाले लोग न सिर्फ आम की इन प्रजातियों को देख सकेंगे अपितु इसको खाने और इसके रस को पीने का लुत्फ भी उठा सकेंगे। इसके साथ ही आम व आम से बनने वाले विविध उत्पादों को भी खरीद सकेंगे।

तैयारी बैठक ली, दिए निर्देश: 
मेंगो फेस्टिवल के आयोजन के संबंा में संबद्ध विभागीय अधिकारियों की बैठक जिला कलक्टर ने ली और मुख्य समन्वयक तथा कृषि अनुसंधान केन्द्र के संभागीय निदेशक डॉ. प्रमोद रोकड़िया से आमों की प्रजातियों की उपलब्धता व उत्पादन के बारे में जानकारी ली। उन्हांेने फेस्टिवल में पहुंचने वाले आम उत्पादकों से संपर्क करने और इसके लिए लगाई जाने वाली स्टालों के बारे में विस्तार से कार्ययोजना सोमवार तक प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। बैठक में देसी आम की प्रजातियों के साथ आम के विविध उत्पादों, व्यंजनों आदि के बारे में भी स्टॉल लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने तैयारी बैठक में पूर्व में दिए गए निर्देशों की अनुपालना में की गई तैयारियों के संबंध मंे पूछकर महत्त्वपूर्ण दिशा-निर्देश प्रदान किए। इस मौके पर कृषि, उद्यान, जिला उद्योग केन्द्र, रिलायंस फाउंडेशन, शिक्षा और अन्य संबद्ध विभागों के अधिकारी मौजूद थे। 



बांसवाड़ा/ मेंगो फेस्टिवल के संबंध में विभागीय अधिकारियों की बैठक लेते जिला कलक्टर आशीष गुप्ता। 












तम्बाकू जीवन ही नहीं परिवार भी तोड़ देती है: राज्यमंत्री श्री अर्जुनसिंह बामनिया





राज्यमंत्री बामनिया ने रैली को दिखाई हरी झण्डी

बांसवाडा, 31 मई/ तम्बाकू व्यक्ति का जीवन ही उससे जुड़े हुए परिवारजनों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव के साथ ही परिवार को तोड़ देती है। इसलिए तंबाकू का सेवन नहीं करना चाहिए। यह आह्वान जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग (स्वतंत्र) उद्योग एवं राजकीय उपक्रम विभाग राज्यमंत्री श्री अर्जुन सिंह बामनिया ने चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा शुक्रवार को विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर निकाली गई जागरूकता रैली के शुभारम्भ अवसर पर किया।
जिला मुख्यालय स्थित राजकीय महात्मा गांधी चिकित्सालय परिसर से शुक्रवार प्रातः जागरूकता रैली निकाली। राज्यमंत्री श्री अर्जुन सिंह बामनिया ने रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। रैली के शुभारम्भ अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव देवेन्द्र सिंह भाटी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी एच.एल. ताबीयार, प्रमुख चिकित्सा अधिकारी सर्वेश बिसारिया, नगरपरिषद के पूर्व सभापति राजेश टेलर, पार्षद देवबाला राठौड़ समाजसेवी राकेश सेठिया, संजय जैन, शफीक मंसूरी, राहुल सराफ, हेल्थ मैनेजर डॉ. हेमलता जैन, स्कूल ऑफ नर्सिंग के प्राचार्य हितेन्द्र भट्ट आदि मौजूद थे।
जीएनएम और एएनएम प्रशिक्षणार्थियों की रैली ने शहर भर में भ्रमणकर आमजन को तंबाकू से स्वास्थ्य पर होने वाले प्रतिकूल प्रभावों की जानकारी संदेशपरक तख्तियों व नारों के माध्यम से दी।
हस्ताक्षर अभियान की हुई शुरूआत
राज्यमंत्री श्री अर्जुनसिंह बामनिया ने चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा तैयार किए गए तंबाकू निषेध हस्ताक्षर अभियान पटल पर हस्ताक्षर कर शुभारम्भ किया। पटल पर उपस्थितजनों ने भी हस्ताक्षर कर तंबाकू निषेध वातवरण निर्माण में सहयोग किया।
बांसवाड़ा/चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा निकाली गई जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना करते राज्यमंत्री श्री अर्जुनसिंह बामनिया। 
बांसवाड़ा/चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा निकाली गई जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना करते राज्यमंत्री श्री अर्जुनसिंह बामनिया।
बांसवाड़ा/राज्यमंत्री श्री अर्जुनसिंह बामनिया तंबाकू निषेध-हस्ताक्षर अभियान का शुभारम्भ करते हुए।

राज्यमंत्री बामनिया ने ली चिकित्साधिकारियों की बैठक






रोगियों व परिजनों के साथ डाक्टर अपना व्यवहार सुधारें - बामनिया

बांसवाड़ा, 31 मई/जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग (स्वतंत्र प्रभार) उद्योग एवं राजकीय उपक्रम विभाग राज्यमंत्री श्री अर्जुन सिंह बामनिया ने कहा कि डाक्टर एक रोगी के लिए भगवान के समान होता है ऐसे में उसका रोगियों और उसके परिजनों के साथ मीठा व्यवहार होना चाहिए। उन्होंने तल्ख लहजे में डाक्टर्स को अपना व्यवहार सुधारने की नसीहत दी।  
राज्यमंत्री बामनिया शुक्रवार को महात्मा गांधी जिला चिकित्सालय में समस्त चिकित्साधिकारियों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। 
इस मौके पर उन्होंने गायनिक विभाग में लगे चिकित्साधिकारियों की ओर ईशारा करते हुए समस्त चिकित्साधिकारियों को कहा कि शिकायतें प्राप्त हुई हैं कि रोगियों और परिजनों के साथ अच्छा व्यवहार नहीं हो रहा है। कोई भी चिकित्साधिकारी मरिजनों को परेशान नहीं करें और अपने दायित्व को अंजाम दें। उन्होंने ऐसे चिकित्साधिकारियों को अपनी कमियों को दूर करने व आदतों में सुधार करने की सलाह दी।  
राज्यमंत्री बामनिया ने एमसीएच में रजिस्ट्रेशन के लिए अलग से काउंटर स्थापित करने की मांग पर पीएमओ को आवश्यक व्यवस्था करने के निर्देश दिए वहीं चिकित्सालय में बड़ी संख्या में सिजेरियन डिलीवरी होने पर भी प्रश्नचिह्न उठाया। उन्होंने कहा कि जिला चिकित्सालय में अधिकांशतः गांवों से गरीब और कुपोषित माताएं आती है ऐसे में उन पर सिजेरियन का बोझ उचित नहीं है। राज्यमंत्री ने प्रशासनिक अधिकारियों को भी चिकित्सालय का नियमित निरीक्षण करने और व्यवस्थाएं सुधारने के निर्देश दिए। 
लापरवाही बर्दाश्त नहीं: 
बैठक में राज्यमंत्री बामनिया ने कहा कि चिकित्साधिकारियों की समस्याओं के समाधान के लिए वे तत्पर है परंतु चिकित्साधिकारियों के कारण रोगियों को समस्याएं हो, यह स्वीकार नहीं होगा। उन्होंने चिकित्सालय में काम के प्रति लापरवाही किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किए जाने की बात कही। इस दौरान उन्होंने रात्रिकालीन पारी में दो डाक्टर्स की ड्यूटी लगाने और आवश्यकता होने पर अतिरिक्त स्टाफ लगाने के निर्देश दिए। इसी प्रकार नर्सिंग स्टाफ व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों द्वारा बरती जाने वाली लापरवाही पर भी उन्होंने नाराजगी जताते हुए कहा कि किसी की भी सिफारिश पर ध्यान न दें। 
जरूरत हो तो दवाएं तत्काल खरीदें: 
समीक्षा बैठक के अंत में राज्यमंत्री बामनिया ने चिकित्साधिकारियों से उनकी समस्याएं पूछी तो डॉ. शिल्पा मईड़ा ने साईक्रेटिक की दवाईयां नहीं होने से रोगियों को हो रही परेशानी के बारे में बताया। इस पर राज्यमंत्री ने जानकारी ली और पीएमओ को निर्देश दिए कि दो दिन में तत्काल खरीद कर दवाईयां उपलब्ध कराओ। उन्हांेने आवश्यकता होने पर दवाएं तत्काल खरीदने के निर्देश भी दिए। 
बैठक में रिटायर्ड पीएमओ डॉ. एलसी मईड़ा, सीएमएचओ डॉ. हीरालाल ताबियार, पीएमओ डॉ.सर्वेश बिसारिया सहित समस्त चिकित्साधिकारी मौजूद थे।   
बांसवाड़ा/एमजी चिकित्सालय में शुक्रवार को चिकित्साधिकारियों से चर्चा करते राज्यमंत्री अर्जुनसिंह बामनिया।

राज्यमंत्री बामनिया ने ली बिजली व पेयजल आपूर्ति संबंधित बैठक






बिजली और पेयजल आपूर्ति सुचारू कर जनता के सुख-दुख में भागीदार बनें - बामनिया
बांसवाड़ा, 31 मई/जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग (स्वतंत्र प्रभार) उद्योग एवं राजकीय उपक्रम विभाग राज्यमंत्री श्री अर्जुन सिंह बामनिया ने कहा है कि ग्रीष्म ऋतु में ही बिजली और पेयजल आपूर्ति की परिस्थितियां कठिन होती है ऐसे में अधिकारी बिजली और पेयजल आपूर्ति सुचारू बनावें, हमारी जिम्मेदारी है कि इस माध्यम से हम जनता की मदद करें, उनके सुख-दुख में भागीदार बनें। 
राज्यमंत्री बामनिया शुक्रवार को यहां कलेक्ट्रेट सभागार में बिजली और पेयजल आपूर्ति से संबंधित विभागीय अधिकारियों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। 
प्रोजेक्ट पूरे और जनता प्यासी, यह ठीक नहीं: 
राज्यमंत्री ने जिले में पेयजलापूर्ति से संबंधित पांच प्रोजेक्टों की समीक्षा की और सुरवानिया से 82 गांवों को शुद्ध जलापूर्ति के लिए पूर्ण हो चुकी पेयजल परियोजना में बोड़ीगामा, माल, पाटन, शंभुपुरा, काजेलापाड़ा आदि कई गांवों में पेयजल नहीं पहुंचने या कम प्रेशर से पहुंचने की स्थिति पर नाराजगी जताई। उन्होंने 82 गांवों की योजना को मूल रूप में 96 गांवों की योजना बताया तथा मूल योजना में शेष रहे गांवों को जोड़कर लाभांवित करने की बात कही। इसी प्रकार 334 गांवों को माहीडेम से जलापूर्ति की योजना में भी केसरपुरा,नलदा, खेड़ा वड़लीपाड़ा, सालिया, नादरामाल आदि गांवों मंे जलापूर्ति संबंधित शिकायतों की जानकारी दी। इस पर जिला कलक्टर आशीष गुप्ता ने संबंधित क्षेत्रों में तत्काल पेयजलापूर्ति की पुख्ता व्यवस्थाएं करने के निर्देश दिए। राज्यमंत्री बामनिया ने कहा कि ऐसे समस्त गांवों में विभाग अपनी टीम बनाते हुए जलापूर्ति की जांच करें तथा जलापूर्ति सुचारू करवाएं। इसी तरह राज्यमंत्री ने शहर में गंदे पानी की आपूर्ति के मामले मंे भी माही और पीएचईडी के अधिकारियों को कार्यवाही कर स्थायी समाधान के निर्देश दिए। 
टेंकरों से जलापूर्ति की भी जांच हो: 
समीक्षा बैठक दौरान राज्यमंत्री बामनिया ने जिले में पेयजल परियोजना से वंचित गांवों में जलापूर्ति के लिए टेंकरों से जलापूर्ति की भी समीक्षा की। विभाग के अधीक्षण अभियंता ने बताया कि छोटी सरवन क्षेत्र के 22 गांवों व 16 ढाणियों में 19 टेंकरों से 73 ट्रीप जलापूर्ति हो रही है। बैठक में कुशलगढ़ विधायक रमीला खड़िया ने घाटा क्षेत्र में जलापूर्ति की व्यवस्थाएं नहीं होने की जानकारी दी तथा पशुधन के लिए जलापूर्ति करवाने की व्यवस्था के लिए राज्यमंत्री से आग्रह किया। राज्यमंत्री ने इस दौरान पशुओं के पेयजल के लिए आपूर्ति की व्यवस्था के लिए विकास अधिकारियों के माध्यम से जलकुण्ड स्थापित करने की व्यवस्थाएं करने के निर्देश दिए तथा स्पष्ट किया कि जलापूर्ति की वजह से पशुधन का नुकसान न होने पाए। उन्होंने टेंकरों से जलापूर्ति के भौतिक सत्यापन और आवश्यकता होने पर तत्काल जलापूर्ति के लिए टेंकर प्रारंभ करने को कहा। राज्यमंत्री ने इस दौरान कुशलगढ़ क्षेत्र के लिए स्वीकृत 399 गांवों की पेयजल योजना की प्रगति के बारे मंे भी जानकारी ली। कलक्टर गुप्ता ने भी विभागीय अभियंताओं को क्षेत्र में लगातार विजीट करने और सर्वे करते हुए जलापूर्ति की उचित व्यवस्थाएं करने के निर्देश दिए। 
एक फोन करो और हेंडपंप खुदवा दो: 
बैठक दौरान राज्यमंत्री बामनिया ने पीएचईडी के अधीक्षण अभियंता को कहा कि जिलेवासियों की पेयजल संबंधित समस्याओं के निस्तारण के लिए उन्होंने टीएडी से हेंडपंपों की स्वीकृति दी है ऐसे में अधीक्षण अभियंता खुद क्षेत्र में जावें और जहां भी उन्हें आवश्यकता लगे और वहां हेंडपंप खोदने योग्य जमीन हो तो टीएडी परियोजना अधिकारी को एक फोन करें व हेंडपंप खुदवा लें। जलापूर्ति के लिए धन की कमी नहीं है, इसकी राशि का भुगतान हो जाएगा। कलक्टर ने राज्यमंत्री द्वारा की गई इस व्यवस्था को तत्काल राहत पहुंचाने के लिए सर्वश्रेष्ठ माध्यम बताया और इसके लिए विभाग के एसई को पूरी संवेदनशीलता से जुटने को कहा। इस दौरान राज्यमंत्री ने पनघट योजना में भी राशि की उपलब्धता की जानकारी देते हुए इसके लिए प्रस्ताव प्रेषित करने को कहा।  
बिजली-पानी के लिए आबापुरा व छोटी सरवन में होगी जनसुनवाई:
बैठक दौरान राज्यमंत्री बामनिया ने बिजली और पेयजलापूर्ति के संबंध मंे जनता की समस्याओं के त्वरित और मौके पर ही निस्तारण के लिए आबापुरा और छोटी सरवन तहसील मुख्यालय पर दोनों विभागों के अधिकारियों की मौजूदगी में सोमवार और मंगलवार को जनसुनवाई का कार्यक्रम निर्धारित करने के निर्देश दिए और कहा कि वे इस दौरान क्षेत्रवासियों की समस्याओं को सुनते हुए समाधान करवाएंगे। 
बिजली की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करें: 
राज्यमंत्री बामनिया ने इस मौके पर जिलेभर में बिजली की नियमित आपूर्ति के लिए विद्युत लाईनों के मेंटेनेंस करने तथा लोड बढ़ने की स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त ट्रांसफार्मर स्थापित करने को कहा। उन्होंने गढ़ी क्षेत्र में दो माह पूर्व बिजली के तार टूटने से मवेशियों की मौत को दुखद बताया और कहा कि विभाग को जिलेभर में टीम लगाते हुए मानसून से पूर्व ही बिजली लाईनों की मरम्मत करनी चाहिए। उन्होंने विभाग द्वारा किए जा रहे कार्यों के बारे में भी जानकारी ली तथा नवीन बिजली कनेक्शनों की प्रगति के बारे में भी पूछा।  
 बैठक दौरान कुशलगढ़ विधायक रमीला खड़िया, गढ़ी प्रधान लक्ष्मणलाल डिण्डोर, एडीएम राजेश वर्मा व समस्त संबंधित विभागीय अधिकारी मौजूद थे। 
बांसवाड़ा/कलेक्ट्रेट में शुक्रवार को जिला कलक्टर व अन्य अधिकारियों के बिजली व पेयजल आपूर्ति की समीक्षा  बैठक लेते राज्यमंत्री अर्जुनसिंह बामनिया।
बांसवाड़ा/कलेक्ट्रेट में शुक्रवार को जिला कलक्टर व अन्य अधिकारियों के बिजली व पेयजल आपूर्ति की समीक्षा  बैठक लेते राज्यमंत्री अर्जुनसिंह बामनिया।



Thursday, May 30, 2019

जनजाति क्षेत्र में सिंचाई सुविधाओं के लिए कोई कमी नहीं रखेगी राज्य सरकार -बामनिया






छोटी सरवन क्षेत्र के लिए 11 सोलर लिफ्ट परियोजनाएं स्वीकृत

बांसवाड़ा, 29 मई/ जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग (स्वतंत्र प्रभार) उद्योग एवं राजकीय उपक्रम विभाग राज्यमंत्री श्री अर्जुन सिंह बामनिया ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा जनजाति क्षेत्र में काश्तकारों की समस्याओं पर विशेष ध्यान रखा जा रहा है और यहां पर सिंचाई सुविधाओं की उपलब्धता के लिए कोई कमी नहीं रखी जाएगी। 
राज्यमंत्री बामनिया गुरुवार को सर्किट हाउस में जल संसाधन विभाग के अधिकारियों की बैठक में अधिकारियों को संबोधित कर रहे थे। 
इस मौके पर उन्होंने कहा कि काश्तकारों द्वारा बिजली बिल नहीं चुकाए जाने की समस्याओं से बंद हो जाने वाली लिफ्ट सिंचाई परियोजनाओं के हालातों को देखते हुए जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग द्वारा छोटी सरवन क्षेत्र में काश्तकारों की सुविधाओं को देखते हुए 11 सोलर लिफ्ट सिंचाई परियोजनाओं को स्वीकृत किया गया है। उन्होंने बताया कि इन लिफ्ट सिंचाई परियोजनाओं का संचालन सोलर एनर्जी से होगा तथा आगामी पांच साल तक इनके रखरखाव की जिम्मेदारी भी परियोजना स्थापित करने वाली बैंगलोर की कंपनी की रहेगी। उन्होंने बताया कि खास बात यह होगी कि इन लिफ्टों से पैदा होने वाली अतिरिक्त बिजली भी विद्युत विभाग को बेचकर इन परियोजना का रखरखाव किया जा सकेगा। 
राज्यमंत्री ने इस दौरान  जल संसाधन विभाग के अधीक्षण अभियंता नानूराम रोत व विभागीय अभियंताओं के साथ जिले में सिंचाई परियोजनाओं के रखरखाव व सुदृढ़ीकरण कार्य पर चर्चा की और उन्हें आवश्यक प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश भी दिए। बैठक दौरान विकास अधिकारी दलीपसिंह, टीएडी के रामलाल खराड़ी, नगरपरिषद के पूर्व सभापति राजेश टेलर, पार्षद अमजद हुसैन, देवबाला राठौड़, सामाजिक कार्यकर्त्ता राकेश सेठिया व अन्य अधिकारी मौजूद थे।
राज्यमंत्री आज छोटी सरवन दौरे पर, दो बैठकें भी लेंगे:
राज्यमंत्री बामनिया शुक्रवार को सुबह छोटी सरवन क्षेत्र के दौरे पर रहेंगे। वे अपराह्न में 3 बजे बांसवाड़ा कलेक्ट्री सभागार में पेयजल आपूर्ति एवं योजनाओं की प्रगति के संबंध में संबंधित विभागीय अधिकारियों की बैठक लेंगे। इसके उपरांत सायं 4 बजे राज्यमंत्री महात्मा गांधी जिला अस्पताल में चिकित्सा सुविधाओं एवं समस्याओं के संबंध में चिकित्साधिकारियों की बैठक लेंगे।
बांसवाड़ा सर्किट हाउस में गुरुवार को जल संसाधन विभागीय अधिकारियों से सिंचाई परियोजना पर चर्चा करते राज्यमंत्री अर्जुनसिंह बामनिया।


राज्यमंत्री श्री अर्जुनसिंह बामनिया बांसवाड़ा पहुंचे





प्रशासनिक और जलसंसाधन विभागीय अधिकारियों की बैठक ली

बांसवाड़ा, 29 मई/ जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग (स्वतंत्र प्रभार) उद्योग एवं राजकीय उपक्रम विभाग राज्यमंत्री श्री अर्जुन सिंह बामनिया गुरुवार सुबह बांसवाड़ा पहुंचे। उन्होंने सर्किट हाउस में जिले के प्रशासनिक अधिकारियों व जल संसाधन विभागीय अधिकारियों की अलग-अलग बैठक ली और आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए। 

वनाधिकार से कोई भी पात्र वंचित ना रहे: बामनिया 
जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग (स्वतंत्र प्रभार) उद्योग एवं राजकीय उपक्रम विभाग राज्यमंत्री अर्जुनसिंह बामनिया ने कहा है कि जनजाति अंचल में वनाधिकार मान्यता अधिनियम के तहत कोई भी पात्र वंचित ना रहे इस दृष्टि से जिला प्रशासन पुख्ता व्यवस्थाएं करें। राज्यमंत्री बामनिया ने यह उद्गार जिला कलक्टर आशीष गुप्ता सहित अतिरिक्त कलक्टर राजेश वर्मा, उपखण्ड अधिकारी सुश्री पूजा पार्थ की मौजूदगी मंे आयोजित प्रशासनिक अधिकारियों की बैठक में व्यक्त किए। 
राज्यमंत्री ने कुछ स्थानों पर वनाधिकार के आवेदन नहीं लेने की जानकारी देते हुए कहा कि प्रशासन ग्राम पंचायतों से वनाधिकार से वंचित पात्र व्यक्तियों की सूची तैयार करवाएं और शेष रहे प्रकरणों में आवेदन करवाते हुए वनाधिकार पत्रों का वितरण करें। वन विभाग के अधिकारी भी इसमें सहयोगी भूमिका निभावें। कलक्टर गुप्ता ने बताया कि वनाधिकार पत्रों के संबंध में मुख्य सचिव महोदय द्वारा विडियो कांफ्रंेस ली गई है और जिले में भी जानकारी एकत्र कर वंचितों को अधिकार पत्र वितरण के लिए कार्यवाही जारी है। इस दौरान एडीएम वर्मा ने जिले में 12 हजार 994 वनाधिकार पत्रों के वितरण की भी जानकारी दी।   
15 दिन जलापूर्ति पर रहे विशेष फोकस: बामनिया 
बैठक दौरान राज्यमंत्री बामनिया ने अधिकारियों को ग्रीष्म ऋतु को देखते हुए पेयजलापूर्ति पर आगामी 15 दिनों तक विशेष फोकस रखने के निर्देश दिए तथा कहा कि इसके साथ ही मानसून से पूर्व के ऐहतियाती प्रबंधों को भी सुनिश्चित किया जाए। राज्यमंत्री ने पेयजल परियोजना से लाभांवित गांवों व वंचित गावों के बारे में भी जानकारी जुटाने और आवश्यकता होने पर वैकल्पित स्रोतों से जलापूर्ति करवाने की बात कही। उन्होंने मानसून से पूर्व जर्जर सरकारी भवनों की सर्वे करवाने व समय रहते उन्हें खाली करवाने की कार्यवाही करने को कहा ताकि मानसून दौरान इनके गिरने से होने वाली क्षति से बचा जा सके। उन्होंने इसके लिए संबंधितों को नोटिस जारी करने को भी कहा।
जलस्रोतों से रिसाव  पर    कार्यवाही करें: बामनिया 
प्रशासनिक बैठक से पूर्व राज्यमंत्री अर्जुनसिंह बामनिया ने जिले के जल संसाधन विभागीय अधिकारियों की भी बैठक ली और जिले में सिंचाई सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण पर चर्चा की। उन्होंने जिले के नॉन कमांड क्षेत्र में तालाबों की स्थिति के बारे में जानकारी लेकर नवीन सिंचाई सुविधाओं के सृजन पर भी अधिकारियों को निर्देश दिए और कहा कि एनीकट और अन्य स्रोतों के निर्माण के लिए प्रस्ताव तैयार करें ताकि टीएडी से इनके लिए बजट की स्वीकृति दी जा सके। उन्होंने कहा कि इन दिनों जिन जलाशयों से पानी का रिसाव हो रहा है उन्हें तत्काल बंद करने के लिए प्रस्ताव तैयार कर दें ताकि तात्कालिक स्वीकृति जारी कर पानी को बचाया जा सके। उन्होंने कहा कि पानी की एक बूंद भी बर्बाद न हो इसके लिए कार्यवाही की जावे।
बैठक दौरान जल संसाधन विभाग के अधीक्षण अभियंता नानूराम रोत, सीएमएचओ डॉ. हिरालाल ताबियार, विकास अधिकारी दलीपसिंह, टीएडी के रामलाल खराड़ी, नगरपरिषद के पूर्व सभापति राजेश टेलर, पार्षद अमजद हुसैन, देवबाला राठौड़, सामाजिक कार्यकर्त्ता राकेश सेठिया व अन्य अधिकारी मौजूद थे। 
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सर्किट हाउस में गुरुवार को जिला कलक्टर व अन्य अधिकारियों के  साथ बैठक लेते राज्यमंत्री अर्जुनसिंह बामनिया। 
सर्किट हाउस में गुरुवार को एसडीओ व अन्य अधिकारियों के  साथ बैठक लेते राज्यमंत्री अर्जुनसिंह बामनिया।

राज्यमंत्री श्री अर्जुनसिंह बामनिया 7 जून तक जिले के दौरे पर







विभिन्न कार्यक्रमों में लेंगे भाग
बांसवाड़ा, 29 मई/ जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग (स्वतंत्र प्रभार) उद्योग एवं राजकीय उपक्रम विभाग राज्यमंत्री श्री अर्जुन सिंह बामनिया जिले में आयोजित होने वाले विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लेंगे।

जिला कलक्टर आशीष गुप्ता ने बताया कि राज्यमंत्री बामनिया 30 मई गुरुवार को प्रातः 5 बजे चित्तौड़गढ़ से प्रस्थानकर प्रातः 7 बजे प्रतापगढ़ सर्किट हाउस पहुंचेंगे। यहां से प्रस्थान कर प्रातः 11 बजे बांसवाड़ा पहुंचेंगे। इसके उपरांत बांसवाड़ा विधानसभा क्षेत्र में स्थानीय कार्यक्रमों में शिरकत तथा जनसुनवाई करेंगे।

उन्होंने बताया कि राज्यमंत्री बामनिया बांसवाड़ा कलेक्ट्री सभागार में अपराह्न 3 बजे पेयजल आपूर्ति एवं योजनाओं की प्रगति समीक्षा बैठक में हिस्सा लेंगे। इसके उपरांत सायं 4 बजे महात्मा गांधी अस्पताल में अस्पताल की व्यवस्थाओं, सुविधाआंे एवं समस्यों के संबंध में आयोजित बैठक में भाग लेंगे।

राज्यमंत्री बामनिया 5 जून को प्रातः 10 बजे बांसवाड़ा से प्रस्थान कर राजसमन्द के खमनोर दोपहर 3 बजे पहुंचेंगे। शाम 5 बजे आयोजित होने वाले महाराणा प्रताप जयंती समारोह में भाग लेंगे। राजसमंद के खमनौर से शाम 7 बजे प्रस्थान कर रात 9 बजे उदयपुर सर्किट पहुंचकर रात्रि विश्राम करेंगे। वे 6 जून प्रातः 10 बजे उदयपुर के सर्किट हाउस से प्रस्थानकर प्रातः 11 बजे एम.एल. वर्मा जनजाति रिसर्च एंड ट्रेनिंग संस्थान, उदयपुर पहुंचकर मेधावी विद्यार्थियों एवं उनके अभिभावकों के साथ बैठक एवं सम्मेलन में भाग लेंगे। वे उदयपुर से शाम 5 बजे प्रस्थान कर रात 8 बजे बांसवाड़ा पहुंचकर रात्रि विश्राम करेंगे।

राज्यमंत्री बामनिया 7 जून को प्रातः 11 बजे बांसवाड़ा जिला मुख्यालय स्थित जनजाति भवन में मेधावी विद्यार्थियों एवं उनके अभिभावकों के साथ बैठक एवं सम्मेलन में भाग लेंगे। इसके उपरांत वे बांसवाड़ा विधानसभा क्षेत्र में स्थानीय कार्यक्रमों में शिरकत एवं जनसुनवाई करेंगे।

Tuesday, May 28, 2019

राज्यमंत्री बामनिया के यात्रा कार्यक्रम में संशोधन




अब 31 को लेंगे चिकित्सा, पेयजल आपूर्ति व योजनाओं की समीक्षा बैठक

बांसवाडा, 28 मई/ प्रदेश के जनजाति क्षेत्रीय विकास(स्वतंत्र प्रभार), उद्योग एवं राजकीय उपक्रम विभाग के राज्यमंत्री श्री अर्जुनसिंह बामनिया की अध्यक्षता में प्रस्तावित बैठकों की तिथि में संशोधन किया गया है। अब यह बैठकें 31 मई को आयोजित की जाएंगी। 
राज्यमंत्री के विशिष्ट सहायक ललित कुमार मोरोड़िया ने बताया कि संशोधित कार्यक्रम अनुसार राज्यमंत्री बामनिया की अध्यक्षता में 31 मई को अपराह्न 3 से 4 बजे तक कलेक्ट्रेट सभागार में पेयजल आपूर्ति एवं योजनाओं की प्रगति की समीक्षा बैठक होगी वहीं शाम 4 से 5.30 बजे तक महात्मा गांधी राजकीय चिकित्सालय में अस्पताल की व्यवस्था, सुविधा व समस्या के संबंध में समीक्षात्मक बैठक आयोजित होगी।

Monday, May 27, 2019

राज्यमंत्री बामनिया 29 को दो महत्त्वपूर्ण बैठकें लेंगे




चिकित्सा, पेयजल आपूर्ति व योजनाओं की होगी समीक्षा
बांसवाडा, 27 मई/ प्रदेश के जनजाति क्षेत्रीय विकास(स्वतंत्र प्रभार), उद्योग एवं राजकीय उपक्रम विभाग के राज्यमंत्री श्री अर्जुनसिंह बामनिया की अध्यक्षता में बुधवार को दो महत्त्वपूर्ण बैठकें आयोजित की जाएंगी। 

राज्यमंत्री के विशिष्ट सहायक ललित कुमार मोरोड़िया ने बताया कि 29 मई, बुधवार को प्रातः 11 बजे राज्यमंत्री बामनिया की अध्यक्षता में महात्मा गांधी राजकीय चिकित्सालय में अस्पताल की व्यवस्था, सुविधा व समस्या के संबंध में समीक्षात्मक बैठक आयोजित होगी। 
इसी प्रकार दोपहर 12 बजे से कलेक्ट्रेट सभागार में पेयजल आपूर्ति एवं योजनाओं की प्रगति की समीक्षा बैठक होगी। उन्होंने बताया कि इस संबंध में कलक्टर को प्रेषित पत्र में कहा गया है कि बैठक में जनजाति क्षेत्र के समस्त माननीय सांसदगण, विधायकगण, जिला प्रमुख, प्रधान को आमंत्रित किया जाना प्रस्तावित है। उन्होंने जिला कलक्टर को बैठक में भाग लेने के लिए संबंधित अधिकारियों, सदस्यों व जनप्रतिनिधियों को सूचित कराने तथा संबंधित विभागों से योजनाओं की प्रगति संबंधित सूचनाएं तैयार करवाकर 28 मई को शाम तक उपलब्ध कराने को कहा है।